नगर निगम की तीसरी बोर्ड बैठक को लेकर सियासत तेज, पार्षद नीतू शर्मा ने विधायक-सांसद को बुलाने की उठाई मांग
28 मई की बोर्ड बैठक में जनप्रतिनिधियों की भागीदारी पर जोर, वार्ड 17 की समस्याओं को प्रमुखता से उठाने की तैयारी

आदित्यपुर : नगर निगम की तीसरी बोर्ड बैठक आगामी 28 मई 2026 को आयोजित होने जा रही है। बैठक को लेकर निगम क्षेत्र में राजनीतिक और प्रशासनिक हलचल तेज हो गई है। इसी बीच वार्ड संख्या 17 की पार्षद नीतू शर्मा ने बैठक में स्थानीय विधायक एवं सांसद को भी आमंत्रित किए जाने की मांग उठाई है। उन्होंने कहा कि नगर निगम क्षेत्र की विभिन्न जनसमस्याओं के समाधान और विकास योजनाओं को गति देने के लिए जनप्रतिनिधियों की सहभागिता आवश्यक है। पार्षद नीतू शर्मा ने कहा कि नगर निगम की बोर्ड बैठक केवल औपचारिकता तक सीमित नहीं रहनी चाहिए बल्कि यह शहर के विकास की दिशा तय करने वाला महत्वपूर्ण मंच है। ऐसे में क्षेत्र के विधायक और सांसद की उपस्थिति से विकास योजनाओं पर व्यापक चर्चा होगी तथा लंबित परियोजनाओं के समाधान में तेजी आएगी। उन्होंने कहा कि आदित्यपुर नगर निगम क्षेत्र में सड़क, नाली, पेयजल, स्ट्रीट लाइट, साफ-सफाई और जल निकासी जैसी कई बुनियादी समस्याएं अब भी बनी हुई हैं। विशेष रूप से वार्ड संख्या 17 में अधूरी योजनाओं और जल संकट को लेकर लोगों में नाराजगी है। उन्होंने उम्मीद जताई कि बोर्ड बैठक में इन मुद्दों को प्रमुखता से उठाया जाएगा। पार्षद ने यह भी कहा कि नगर निगम में फंड की कमी के कारण कई विकास योजनाएं प्रभावित हो रही हैं। ऐसे में विधायक और सांसद की मौजूदगी से राज्य और केंद्र सरकार की योजनाओं के समन्वय में मदद मिलेगी तथा आवश्यक वित्तीय सहयोग मिलने की संभावना बढ़ेगी। नगर निकाय नियमों के अनुसार बोर्ड बैठक नगर निगम की सर्वोच्च निर्णय प्रक्रिया मानी जाती है जिसमें विकास योजनाओं, बजट, जनसुविधाओं और प्रशासनिक कार्यों से जुड़े महत्वपूर्ण प्रस्तावों पर चर्चा एवं अनुमोदन किया जाता है। बैठक में पार्षदों के साथ-साथ आवश्यकतानुसार संबंधित विभागों एवं जनप्रतिनिधियों को भी आमंत्रित किया जा सकता है। स्थानीय लोगों का मानना है कि यदि बैठक में जनप्रतिनिधियों की सक्रिय भागीदारी होती है तो निगम क्षेत्र की लंबित समस्याओं के समाधान की दिशा में ठोस पहल संभव हो सकेगी। वहीं नगर निगम की तीसरी बोर्ड बैठक को लेकर पार्षदों और आम लोगों की अपेक्षाएं भी बढ़ गई हैं। अब सबकी नजर 28 मई को होने वाली बैठक पर टिकी हुई है जहां शहर के विकास और जनसमस्याओं को लेकर महत्वपूर्ण फैसले लिए जाने की उम्मीद है।