अब आप सभी अधिवक्ताओं के सहयोग की है बारी, संघर्ष मेरा, जीत होगी सभी अधिवक्ताओं की : पवन राजा खत्री
झारखण्ड के सभी बार में नो ऑब्जेक्शन रूल की कड़ाई से अपनाये जाने का प्रयास कराएंगे।

मेदिनीनगर (पलामू) : झारखंड स्टेट बर काउंसिल की होने वाले चुनाव के मद्देनजर अधिवक्ताओं के बीच गहमागहमी तेज हो गई है। कई अधिवक्ता वकालत खाना में आकर अपने पक्ष में वोटिंग करने की मांग कर रहे हैं।
इसी कड़ी में पवन रंजन खत्री ने भी मेदिनीनगर के वकालतखाना में पहुंचकर अधिवक्ताओं से बातचीत की व उन्हें अपने पक्ष में सीरियल नंबर 56 पर वोट करने की अपील की। पवन राजा खत्री ने अधिवक्ताओं से कहा कि वह किसी भी अधिवक्ता के निधन के बाद उनके परिवार वालों की सहायता के लिए एक लाख बतौर सहयोग राशि दिलाने का प्रयास करेंगे। अधिवक्ता सुरक्षा अधिनियम को लागू करवाने व अधिवक्ताओं को उचित सुरक्षा एवं सामाजिक सुविधा मुहैया कराने का प्रयास करेंगे।
जिला स्तर पर प्रैक्टिस करने वाले अधिवक्ता को भी उच्च न्यायालय में न्यायाधीश के रूप में चयनित होने के लिए जोन आफ कंसीडरेशन में रखने का मांग करेंगे। झारखण्ड के सभी बार में नो ऑब्जेक्शन रूल की कड़ाई से अपनाये जाने का प्रयास कराएंगे। झारखण्ड के सभी बार में उपस्थित महिला अधिवक्ताओं के लिए उच्चतम न्यायालय के दिशा-निर्देशों का पालन करते हुए उचित व समुचित व्यवस्था कराएंगे। सभी अधिवक्ता की बेटियों की शादी में 50 हजार रुपए का सहयोग राशि दिलाने का प्रयास करेंगे। वकालत के 50 वर्ष पूरे होने पर सम्मानित कराएंगे। ई लाइब्रेरी की व्यवस्था होगी। झारखण्ड के सभी बार में शौचालय का उचित व्यवस्था होगी। झारखण्ड के अस्पतालों में अधिवक्ताओं व उनके परिवार वालों के लिए एक वार्ड रिजर्व रखने का प्रयास कराएंगे। राज्य के सभी अधिवक्ता को आजीवन पेंशन राशि उपलब्ध कराएंगे। मृत्यु के उपरान्त उनकी पत्नी को पेंशन राशि दिलाने का प्रयास कराएंगे।