जर्जर भवन में पढ़ रहे 189 बच्चे, पेयजल तक की सुविधा नहीं
चार जर्जर कमरों में चल रही कक्षा एक से आठ तक की पढ़ाई; जल्द सुधार नहीं होने पर जताई अनहोनी की आशंका

जिप सदस्य संतोषी कुमारी ने उत्क्रमित मध्य विद्यालय कुटमू का किया निरीक्षण
बरवाडीह। प्रखंड के बेतला पंचायत अंतर्गत उत्क्रमित मध्य विद्यालय कुटमू में व्याप्त कुव्यवस्था और मूलभूत सुविधाओं के अभाव की शिकायत मिलने पर प्रखंड के पश्चिमी क्षेत्र की जिला परिषद सदस्य संतोषी कुमारी ने मंगलवार को विद्यालय का निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान विद्यालय की स्थिति बेहद चिंताजनक मिली। विद्यालय में 189 बच्चे नामांकित हैं, लेकिन निरीक्षण के समय मात्र करीब 30 बच्चे ही उपस्थित पाए गए।
कक्षा एक से आठवीं तक संचालित विद्यालय में बच्चों की पढ़ाई के लिए मात्र चार कमरे हैं और वे भी जर्जर अवस्था में हैं। विद्यालय की रसोई समेत भवन के अन्य हिस्से भी क्षतिग्रस्त मिले।शिक्षाकर्मियों ने बताया कि जर्जर भवन के कारण उन्हें जान जोखिम में डालकर बच्चों को पढ़ाना पड़ता है। आए दिन भवन का हिस्सा टूटकर गिरता रहता है।
रसोई की स्थिति भी खराब होने के कारण भोजन में छत या भवन का मलबा गिरने का खतरा बना रहता है।विद्यालय परिसर में पेयजल की व्यवस्था भी पूरी तरह बदहाल मिली।जलमीनार और चापाकल दोनों खराब पड़े हैं। विद्यालय प्रबंधन की ओर से इन समस्याओं को लेकर विभाग और स्थानीय अधिकारियों को कई बार जानकारी देने के बावजूद अब तक कोई ठोस पहल नहीं होने की बात कही गई।
विद्यालय की स्थिति देखकर जिला परिषद सदस्य संतोषी कुमारी ने नाराजगी जताई। उन्होंने कहा कि बच्चों की सुरक्षा के साथ इस तरह खिलवाड़ नहीं किया जा सकता। विद्यालय की जर्जर स्थिति में जल्द सुधार नहीं हुआ तो कभी भी बड़ी अनहोनी हो सकती है। उन्होंने कहा कि वह उपायुक्त और स्थानीय विधायक रामचंद्र सिंह से मुलाकात कर विद्यालय भवन की मरम्मत के साथ-साथ बच्चों की सुरक्षा के लिए वैकल्पिक व्यवस्था कराने की मांग करेंगी।संतोषी कुमारी ने विद्यालय में बच्चों की कम उपस्थिति पर भी चिंता जताई।
उन्होंने प्रधानाध्यापक और शिक्षकों को शिक्षा व्यवस्था में सुधार करने तथा बच्चों की नियमित उपस्थिति बढ़ाने की दिशा में गंभीरता से पहल करने की नसीहत दी। विद्यालय के प्रधानाध्यापक नरेंद्र राम ने बताया कि जर्जर भवन को लेकर विभाग को कई बार पत्राचार किया गया है। खराब जलमीनार और चापाकल की समस्या से भी संबंधित विभाग को अवगत कराया गया है, लेकिन अब तक कोई कार्रवाई नहीं होने से परेशानी लगातार बढ़ रही है।निरीक्षण के दौरान मुखिया मंजू देवी, सामाजिक कार्यकर्ता रूपाली सिंह सहित विद्यालय के शिक्षाकर्मी एवं अन्य लोग मौजूद थे।