24 घंटे में डबल मर्डर का सनसनीखेज खुलासा, पति गिरफ्तार; खून से सना चाकू और कपड़े बरामद
एसपी ने बताया कि पूछताछ के दौरान आरोपी ने हत्या में अपनी संलिप्तता स्वीकार कर ली।

पाकुड़। लिट्टीपाड़ा थाना क्षेत्र के झेनागड़िया गांव में गुरुवार को महिला और उसकी पुत्री की गला रेतकर की गई निर्मम हत्या के मामले में पाकुड़ पुलिस ने महज 24 घंटे के भीतर बड़ा खुलासा करते हुए मुख्य आरोपी को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया। पुलिस की इस त्वरित कार्रवाई से पूरे जिले में चर्चा का विषय बन गई है।
शुक्रवार अपराह्न पुलिस अधीक्षक अनुदीप सिंह ने अपने कार्यालय कक्ष में आयोजित प्रेस वार्ता में मामले की जानकारी देते हुए बताया कि लिट्टीपाड़ा थाना कांड संख्या 45/26 दिनांक गुरुवार को धारा 103(1) बीएनएस के तहत दर्ज किया गया था।
** एसआईटी गठित, 12 घंटे में आरोपी तक पहुंची पुलिस**
घटना की गंभीरता को देखते हुए एसपी ने तत्काल अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी कुमार गौरव के नेतृत्व में विशेष जांच दल (एसआईटी) का गठन किया। टीम ने घटनास्थल पर पहुंचकर वैज्ञानिक तरीके से साक्ष्य संकलित किए तथा दोनों शवों को पोस्टमार्टम के लिए भेजा।
तकनीकी एवं मानवीय सूचना के आधार पर लगातार छापेमारी अभियान चलाया गया। आधुनिक वैज्ञानिक साक्ष्यों की मदद से पुलिस ने घटना के महज 12 घंटे के भीतर आरोपी अबरास अंसारी उर्फ अबरास मोमिन (28 वर्ष) को गिरफ्तार कर लिया। आरोपी झेनागड़िया गांव का ही निवासी है। पूछताछ में कबूला जुर्म एसपी ने बताया कि पूछताछ के दौरान आरोपी ने हत्या में अपनी संलिप्तता स्वीकार कर ली। उसकी निशानदेही पर पुलिस ने हत्या में प्रयुक्त खून लगा चाकू, घटना के समय पहने गए कपड़े तथा बरसाती को विधिवत जब्त कर लिया है। आरोपी का आपराधिक इतिहास भी सामने आया पुलिस के अनुसार गिरफ्तार आरोपी का पूर्व से भी आपराधिक इतिहास रहा है। आवश्यक कानूनी प्रक्रिया पूरी करने के बाद उसे न्यायिक अभिरक्षा में भेज दिया गया। एसआईटी टीम में शामिल अधिकारी
- अनिल कुमार गुप्ता, थाना प्रभारी, पाकुड़ नगर
- विवेक कुमार, थाना प्रभारी, लिट्टीपाड़ा
- विनय कुमार, थाना प्रभारी, हिरणपुर
- अनिल कुमार पंडित, लिट्टीपाड़ा थाना
- मोतिलाल मिश्रा, लिट्टीपाड़ा थाना
- सुकदेव साहा, तकनीकी शाखा
- मनोज कुमार मरांडी, लिट्टीपाड़ा थाना
- लिट्टीपाड़ा थाना के सशस्त्र बल
एसपी बोले: गंभीर अपराधों पर सख्त कार्रवाई जारी पुलिस अधीक्षक अनुदीप सिंह ने कहा कि जिला पुलिस गंभीर अपराधों के त्वरित उद्भेदन और अपराधियों की शीघ्र गिरफ्तारी के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है। उन्होंने बताया कि वैज्ञानिक अनुसंधान और तकनीकी साक्ष्यों के प्रभावी उपयोग से अपराधियों को कानून के शिकंजे तक पहुंचाया जा रहा है।