चार दिनों में सुलझी 12 वर्षीय बालक की हत्या की गुत्थी, महिला समेत दो आरोपी गिरफ्तार
हत्या को आत्महत्या दिखाने के लिए शव को पेड़ से लटकाया, चैनपुर पुलिस ने किया सनसनीखेज खुलासा

चैनपुर, गुमला : चैनपुर थाना क्षेत्र में 12 वर्षीय बालक समीर चोरांठ की हत्या के मामले का पुलिस ने महज चार दिनों में खुलासा कर दिया है। इस मामले में पुलिस ने कराकू पुजरा टोली निवासी सुनीता देवी और उसके देवर जागेश्वर गोप को गिरफ्तार कर न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया है। पुलिस के अनुसार दोनों ने हत्या के बाद साक्ष्य मिटाने और घटना को आत्महत्या का रूप देने की कोशिश की थी। जानकारी के अनुसार 3 जून की शाम कराकू पुजरा टोली जंगल स्थित बरटोंगरी के पास एक पेड़ से समीर चोरांठ का शव फंदे से लटका हुआ बरामद हुआ था। घटना के बाद इलाके में सनसनी फैल गई थी। मामले की गंभीरता को देखते हुए चैनपुर पुलिस ने गहन जांच शुरू की। थाना प्रभारी अरविंद कुमार ने बताया कि पूछताछ में सुनीता देवी ने स्वीकार किया कि उसने अपने घर लौटने पर समीर और अपनी नाबालिग पुत्री को आपत्तिजनक स्थिति में देखा था। इससे नाराज होकर उसने समीर का पीछा किया और जंगल में पकड़कर उसकी पिटाई कर दी। इसी दौरान समीर को चट्टान पर पटकने से वह गंभीर रूप से घायल होकर अचेत हो गया। घटना के बाद घबराई सुनीता ने अपने देवर जागेश्वर गोप को बुलाया। दोनों ने मिलकर समीर के गले में बेल का फंदा लगाकर शव को पेड़ से लटका दिया ताकि मामला आत्महत्या प्रतीत हो। पुलिस की सघन पूछताछ और तकनीकी अनुसंधान के दौरान पूरे मामले का खुलासा हो गया। पुलिस ने दोनों आरोपियों के विरुद्ध भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की संबंधित धाराओं के तहत मामला दर्ज कर न्यायालय में प्रस्तुत किया जहां से उन्हें न्यायिक हिरासत में गुमला जेल भेज दिया गया। थाना प्रभारी ने कहा कि पुलिस ने त्वरित कार्रवाई कर मामले का सफलतापूर्वक खुलासा किया है।