जनता मांग रही काम का हिसाब, विरोधी दिखा रहे संकल्प पत्र - वार्ड 17 में फर्क साफ
शराब, खोखले वादे और सत्ता की राजनीति में उलझे विरोधी, काम और सादगी से जनता का भरोसा जीत रहीं नीतू शर्मा

आदित्यपुर : झारखंड नगर निकाय चुनाव-2026 के तहत आदित्यपुर नगर निगम क्षेत्र के वार्ड 17 में चुनावी मुकाबला अब एकतरफा होता दिख रहा है। पूर्व पार्षद नीतू शर्मा को वैलेट पेपर पर क्रम संख्या चार में मोतियों का हार चुनाव चिन्ह मिलने के बाद क्षेत्र में उत्साह का माहौल है। उनके घर के आसपास समर्थकों और स्थानीय लोगों की भीड़ लगातार बढ़ रही है जो उनके प्रति जनविश्वास का स्पष्ट संकेत है। नीतू शर्मा की राजनीति का अंदाज विरोधियों से बिल्कुल अलग है। उनका कहना है कि वे चुनाव के समय सिर्फ वोट मांगने नहीं बल्कि हमेशा की तरह लोगों की समस्याएं सुनने उनके घर जाना चाहती हैं। हालांकि समर्थकों के आग्रह पर उन्होंने जनसंपर्क शुरू किया और मंगलवार को डोर-टू-डोर अभियान के जरिए मतदाताओं से सीधे संवाद किया। इस दौरान मतदाताओं ने खुलकर उन्हें समर्थन देने का भरोसा जताया। पिछले आठ वर्षों में वार्ड 17 में कराए गए विकास कार्यों की चर्चा हर गली-मोहल्ले में है। सबसे बड़ी बात यह है कि इस लंबे कार्यकाल में नीतू शर्मा पर भ्रष्टाचार का कोई आरोप नहीं लगा। उनकी सादगी, सहज व्यवहार और पारदर्शी कार्यशैली ने जनता के दिल में खास जगह बनाई है। तेजस्विनी महिला संगठन भी उनके समर्थन में पूरी ताकत से मैदान में है। वहीं दूसरी ओर व्यवसायी वर्ग से जुड़े विरोधी उम्मीदवारों की रणनीति सवालों के घेरे में है। तेजस्विनी महिला समूह का आरोप है कि राजद समर्थित उम्मीदवार शराब की दुकान चलाते हुए महिलाओं से प्रचार करवा रहे हैं जबकि महिलाएं ही शराब से सबसे अधिक प्रभावित होती हैं। भाजपा समर्थित पूर्व डिप्टी मेयर और कांग्रेस समर्थित पूर्व पार्षद द्वारा संकल्प पत्र जारी करना भी चर्चा में है लेकिन जनता अब कागजी वादों के बजाय किए गए कामों का हिसाब मांग रही है। कुल मिलाकर वार्ड 17 में माहौल साफ है कि काम करने वाली, बेदाग और जनसरोकारों से जुड़ी नीतू शर्मा के सामने विरोधियों का मनोबल कमजोर पड़ता दिख रहा है और उनकी जीत की राह मजबूत होती नजर आ रही है।