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चमत्कार के नाम पर जनता से कथित ठगी की हो जांच, डालसा ले संज्ञान, प्रशासन दर्ज करे एफआईआर

रिपोर्ट: Shailendra Tiwary23 घंटे पहलेझारखण्ड

काली कंबली वाले बाबा के शिविर पर भाकपा का हमला, कमलेश सिंह फैला रहे हैं अंधविश्वास : रुचिर तिवारी

चमत्कार के नाम पर जनता से कथित ठगी की हो जांच, डालसा ले संज्ञान,  प्रशासन दर्ज करे एफआईआर

मेदिनीनगर (पलामू) : एक तरफ झारखंड सरकार के अलावा नालसा, झालसा व डीएलएसए अंधविश्वास को खत्म करने के लिए लोगों को जागरुक कर रही है। दूसरी ओर पूर्व मंत्री कमलेश सिंह कंबल वाले बाबा को हुसैनाबाद में बुलाकर अंधविश्वास की जड़ को मजबूत करना चाहते हैं। उक्त आरोप भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी के जिला सचिव रुचिर तिवारी ने लगाया है। प्रेस कॉन्फ्रेंस कर रुचिर कुमार तिवारी ने कहा कि पूर्व मंत्री कमलेश सिंह व काली कंबली वाले बाबा के शिविर को लेकर गंभीर आरोप लगाए हैं।

उन्होंने कहा कि इलाज व चमत्कार के नाम पर आम जनता से लाखों रुपये की कथित ठगी की जा रही है।लोगों को आधुनिक चिकित्सा के बजाय अंधविश्वास की ओर धकेला जा रहा है। शिविर के आसपास भाजपा के झंडे लगाए गए हैं व राजनीतिक दावे भी किए जा रहे हैं। कहा कि हुसैनाबाद को अगली बार जिला बनाने के लिए केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह से बातचीत होने की बात कही जा रही है। जबकि क्षेत्र के वास्तविक और वर्षों पुराने मुद्दे अब भी जस के तस हैं।उन्होंने कहा कि चुनाव के दौरान पूर्व गृह मंत्री राजनाथ सिंह ने जपला सीमेंट कारखाना चालू कराने की बात कही थी।

लेकिन कारखाना बंद हो गया। अब कबाड़ के रूप में बिक चुका है। मजदूरों का बकाया भुगतान भी नहीं हो सका। ऐसे ज्वलंत मुद्दों के समाधान के बजाय जनता को कथित चमत्कार और अंधविश्वास के नाम पर भ्रमित किया जा रहा है। भाकपा नेता ने कहा कि बीमार और परेशान लोग जब इलाज के लिए चमत्कार की उम्मीद में ऐसे शिविरों में पहुंचते हैं तो उनकी मजबूरी का फायदा उठाना गंभीर मामला है।

उन्होंने जिला प्रशासन से पूर्व मंत्री कमलेश सिंह और काली कंबली वाले बाबा के खिलाफ कथित ठगी तथा अंधविश्वास फैलाने के आरोपों की जांच कर प्राथमिकी दर्ज करने की मांग की। तिवारी ने कहा कि पलामू जिला व्यवहार न्यायालय और जिला विधिक सेवा प्राधिकार की टीमें गांव-गांव जाकर अंधविश्वास के खिलाफ जागरूकता अभियान चला रही हैं, वहीं हुसैनाबाद में प्रशासन की मिलीभगत से एक सप्ताह से इसके विपरीत गतिविधियां चलने का आरोप है। उन्होंने झारखंड सरकार से मामले का तत्काल संज्ञान लेकर कथित चमत्कारी बाबाओं और उन्हें महिमामंडित करने वाले राजनीतिक लोगों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की।

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