ग्रामीण जलापूर्ति योजना में लूट का आरोप, राजेश यादव बोले : कमीशनखोरी ने बढ़ाया पेयजल संकट
पानी के लिए त्राहिमाम मचा है, सरकार और विभाग दोनों जिम्मेदार, फारवर्ड ब्लॉक नेता राजेश यादव का हमला

गिरिडीह : जिले में गहराते पेयजल संकट और ग्रामीण जलापूर्ति योजनाओं की बदहाल स्थिति को लेकर राजनीति तेज हो गई है। पूर्व जिला परिषद सदस्य एवं फारवर्ड ब्लॉक के जिला संयोजक राजेश यादव ने ग्रामीण जलापूर्ति योजनाओं में बड़े पैमाने पर कमीशनखोरी और भ्रष्टाचार का आरोप लगाते हुए सरकार तथा विभागीय अधिकारियों पर गंभीर सवाल खड़े किए हैं। शुक्रवार को सदर प्रखंड के कई गांवों का दौरा कर उन्होंने जल संकट से जूझ रहे ग्रामीणों की समस्याएं सुनीं और इसे सरकार की विफलता करार दिया। ग्रामीणों से मुलाकात के दौरान राजेश यादव ने कहा कि ग्रामीण जलापूर्ति के नाम पर जमकर लूट मची हुई है। यदि इस लूट पर विभागीय अधिकारी या सरकार लगाम लगाने में असफल है तो इसका सीधा मतलब है कि पूरे मामले में ऊपर से नीचे तक मिलीभगत है। उन्होंने आरोप लगाया कि करोड़ों रुपये खर्च होने के बावजूद गांवों में पानी नहीं पहुंच रहा है और लोग बूंद-बूंद पानी के लिए परेशान हैं। राजेश यादव ने कहा कि भीषण गर्मी में ग्रामीण इलाकों के लोग पेयजल संकट से त्राहिमाम कर रहे हैं लेकिन सरकार और जनप्रतिनिधि जनता की समस्याओं से दूर हैं। उन्होंने कहा कि यह स्थिति सीधे तौर पर सरकार और सरकार से जुड़े सांसद-विधायकों की विफलता को दर्शाती है। उन्होंने कहा कि जिन योजनाओं का उद्देश्य गांवों तक शुद्ध पेयजल पहुंचाना था वे भ्रष्टाचार और कमीशनखोरी की भेंट चढ़ गई हैं। क्षेत्र भ्रमण के दौरान कई ग्रामीणों ने उन्हें बताया कि गांवों में जलापूर्ति योजनाएं ठप पड़ी हैं, कई जगह पाइपलाइन अधूरी है तो कहीं मोटर और टंकी खराब होने के कारण महीनों से पानी की आपूर्ति बंद है। लोगों ने कहा कि कई बार शिकायत करने के बावजूद विभागीय स्तर पर कोई ठोस कार्रवाई नहीं की गई। फारवर्ड ब्लॉक नेता ने चेतावनी देते हुए कहा कि यदि जल्द समस्या का समाधान नहीं किया गया तो जनता सड़क पर उतरने को मजबूर होगी। उन्होंने घोषणा की कि इस मुद्दे को लेकर उनका संगठन शनिवार को उपायुक्त कार्यालय के समक्ष धरना-प्रदर्शन करेगा और ज्ञापन सौंपकर दोषियों पर कार्रवाई तथा ग्रामीण क्षेत्रों में अविलंब पेयजल व्यवस्था बहाल करने की मांग करेगा। राजेश यादव ने आम लोगों से भी आंदोलन में शामिल होने की अपील करते हुए कहा कि पानी हर व्यक्ति की मूलभूत आवश्यकता है और इसके लिए जनता को अब आवाज उठानी होगी। उन्होंने कहा कि सरकार को ग्रामीण क्षेत्रों में जल संकट दूर करने के लिए तत्काल प्रभावी कदम उठाने चाहिए ताकि लोगों को राहत मिल सके।