चैंबर चुनाव में गहमागहमी, डॉ. अभिषेक रामाधीन ने ठोकी अध्यक्ष पद के लिए ताल
बोले- व्यवसायियों को भयमुक्त माहौल दिलाना प्राथमिकता, रंगदारी-चोरी पर रोक के लिए सरकार पर बनाएंगे दबाव

By Sudhir रांची। फेडरेशन ऑफ झारखंड चैंबर ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्रीज के आगामी चुनाव को लेकर गहमागहमी तेज हो गई है। कई व्यवसायियों ने अध्यक्ष समेत विभिन्न पदों के लिए अपनी दावेदारी पेश करनी शुरू कर दी है। इसी क्रम में चैंबर के पूर्व महासचिव और वर्तमान सदस्य डॉ. अभिषेक कुमार रामाधीन ने भी अध्यक्ष पद के लिए दावेदारी पेश करते हुए चुनाव मैदान में उतरने का फैसला किया है।
डॉ. अभिषेक कुमार रामाधीन ने कहा कि यदि उनकी टीम चुनाव में जीत दर्ज करती है, तो व्यवसायियों को भयमुक्त वातावरण उपलब्ध कराना उनकी प्राथमिकता होगी। उन्होंने कहा कि व्यापार और उद्योग के विकास के लिए जरूरी है कि व्यवसायी बिना किसी भय और दबाव के अपना कारोबार कर सकें। रंगदारी, चोरी और अन्य आपराधिक घटनाओं पर प्रभावी रोक लगाने के लिए सरकार और पुलिस-प्रशासन पर लगातार दबाव बनाया जाएगा।
कौन हैं डॉ. अभिषेक कुमार रामाधीन
डॉ. अभिषेक कुमार रामाधीन चैंबर के पूर्व अध्यक्ष स्व. आरडी सिंह के पुत्र हैं। वे पूर्व में झारखंड चैंबर के महासचिव रह चुके हैं और पिछले पांच चुनावों से लगातार जीत दर्ज कर रहे हैं। डॉ. रामाधीन आईएमए, रांची के उपाध्यक्ष भी हैं।
सुरक्षा के लिए विभागों से नियमित संवाद
डॉ. रामाधीन ने कहा कि व्यापारिक प्रतिष्ठानों और बाजार क्षेत्रों की सुरक्षा व्यवस्था मजबूत करने के लिए संबंधित विभागों के साथ नियमित संवाद स्थापित किया जाएगा। व्यवसायियों के साथ होने वाली आपराधिक घटनाओं को गंभीरता से उठाते हुए उनके त्वरित समाधान के लिए प्रभावी तंत्र विकसित करने की पहल की जाएगी। चैंबर को व्यवसायियों की सुरक्षा से जुड़े मामलों में सक्रिय भूमिका निभाने वाला संगठन बनाया जाएगा।
सरकारी प्रक्रियाओं की परेशानियों से राहत दिलाने का दावा
उन्होंने कहा कि व्यापार और उद्योग जगत से जुड़ी नीतिगत समस्याओं को प्रमुखता से उठाया जाएगा। सरकार और संबंधित विभागों के साथ बेहतर समन्वय स्थापित कर व्यवसायियों की समस्याओं के समाधान की दिशा में प्रभावी पहल की जाएगी। व्यापारियों को सरकारी प्रक्रियाओं, नियमों और नीतियों से जुड़ी परेशानियों से राहत दिलाने के लिए चैंबर की भूमिका को और अधिक प्रभावी बनाया जाएगा।
निर्बाध बिजली और बेहतर सड़कें भी एजेंडे में
डॉ. अभिषेक कुमार रामाधीन ने बिजली, सड़क और सुरक्षा को व्यापारिक गतिविधियों के विकास के लिए सबसे महत्वपूर्ण आधार बताया। उन्होंने राज्य में निर्बाध और गुणवत्तापूर्ण बिजली आपूर्ति के लिए संबंधित विभागों के साथ लगातार संवाद करने की बात कही। व्यापारिक क्षेत्रों में सड़क और आधारभूत संरचनाओं की समस्याओं को प्राथमिकता के आधार पर उठाने तथा उनके समाधान के लिए प्रशासन के साथ समन्वय बढ़ाने का संकल्प भी लिया।
उन्होंने कहा कि फेडरेशन चैंबर को राज्य के प्रत्येक व्यापारी और उद्यमी की आवाज बनाना उनकी प्राथमिकता होगी। छोटे व्यवसायियों से लेकर बड़े उद्योगों तक सभी वर्गों की समस्याओं को समान गंभीरता से उठाया जाएगा। व्यापार और उद्योग जगत के बीच बेहतर समन्वय स्थापित कर राज्य के आर्थिक विकास को गति देने का प्रयास किया जाएगा।
‘समस्या बताइए, समाधान तक पहुंचाएंगे’
डॉ. रामाधीन ने कहा कि उनका चुनावी संदेश स्पष्ट है—व्यापारियों की समस्याओं का समाधान। व्यवसायियों को अपनी समस्याओं के लिए अलग-अलग स्तरों पर भटकना न पड़े, इसके लिए चैंबर को अधिक सक्रिय, जवाबदेह और परिणाम देने वाला संगठन बनाया जाएगा। व्यापारियों की समस्याओं को चिन्हित कर संबंधित विभागों और सरकार के समक्ष मजबूती से उठाया जाएगा और समाधान होने तक लगातार प्रयास जारी रखा जाएगा।