समाहरणालय के पास ढाबों पर खाद्य सुरक्षा विभाग की बड़ी कार्रवाई, सिंहदेव ढाबा पर 6000 जुर्माना
गंदगी, बिना मेडिकल प्रमाणपत्र और कोटपा उल्लंघन पर सख्ती, खाद्य सुरक्षा विभाग ने दी कड़ी चेतावनी

सरायकेला : उपायुक्त के निर्देश पर जिले में खाद्य सुरक्षा मानकों और सार्वजनिक स्वास्थ्य संबंधी नियमों के अनुपालन को सुनिश्चित करने के लिए खाद्य सुरक्षा विभाग द्वारा लगातार जांच अभियान चलाया जा रहा है। इसी क्रम में बुधवार को जिला खाद्य सुरक्षा पदाधिकारी सुबीर रंजन के नेतृत्व में समाहरणालय के समीप गौरांगडीह स्थित सिंहदेव ढाबा का औचक निरीक्षण किया गया। निरीक्षण के दौरान कई गंभीर अनियमितताएं सामने आने पर विभाग ने तत्काल कार्रवाई करते हुए कुल छह हजार रुपये का जुर्माना वसूला। जांच के दौरान खाद्य सुरक्षा टीम ने पाया कि ढाबा के किचन में साफ-सफाई की स्थिति बेहद खराब थी। खाना तैयार करने वाले कर्मी बिना हेडगियर और एप्रन के कार्य कर रहे थे तथा व्यक्तिगत स्वच्छता संबंधी मानकों का पालन नहीं किया जा रहा था। निरीक्षण टीम द्वारा जब ढाबा संचालक से खाना बनाने में प्रयुक्त पानी की जांच रिपोर्ट, कर्मचारियों का मेडिकल फिटनेस प्रमाण पत्र एवं पेस्ट कंट्रोल से जुड़े दस्तावेज मांगे गए तो वह कोई भी प्रमाण प्रस्तुत नहीं कर सका। इन अनियमितताओं को गंभीर मानते हुए खाद्य सुरक्षा एवं मानक अधिनियम 2006 के तहत सिंहदेव ढाबा संचालक पर पांच हजार रुपये का अर्थदंड लगाया गया। वहीं परिसर में खुली एवं जली हुई सिगरेट मिलने पर कोटपा (झारखंड संशोधन) अधिनियम 2021 के उल्लंघन के तहत एक हजार रुपये का अतिरिक्त जुर्माना लगाया गया। दोनों मामलों में कुल छह हजार रुपये की राशि मौके पर ही वसूल कर ली गई। निरीक्षण के दौरान अधिकारियों ने ढाबा संचालक को तत्काल साफ-सफाई व्यवस्था दुरुस्त करने, कर्मचारियों के स्वास्थ्य परीक्षण कराने तथा खाद्य सुरक्षा मानकों का सख्ती से पालन सुनिश्चित करने का निर्देश दिया। विभाग ने चेतावनी दी कि भविष्य में नियमों की अनदेखी पाए जाने पर और कड़ी कार्रवाई की जाएगी। इसी अभियान के तहत किशन कन्हैया ढाबा की भी जांच की गई जहां कोटपा अधिनियम के उल्लंघन का मामला सामने आने पर दो सौ रुपये का जुर्माना लगाया गया। विभाग ने सार्वजनिक स्थलों पर धूम्रपान निषेध नियमों का पालन सुनिश्चित करने की बात कही। जिला खाद्य सुरक्षा पदाधिकारी सुबीर रंजन ने जिले के सभी होटल, रेस्टोरेंट, ढाबा एवं खाद्य प्रतिष्ठानों के संचालकों से खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता, स्वच्छता, सुरक्षित पेयजल, कर्मचारियों की नियमित मेडिकल जांच तथा पेस्ट कंट्रोल संबंधी मानकों का पालन करने की अपील की। उन्होंने स्पष्ट कहा कि जिले में नियमित जांच अभियान जारी रहेगा और नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ कठोर कार्रवाई की जाएगी। इस जांच अभियान में खाद्य सुरक्षा कार्यालय के कार्तिक महतो, तरुण महतो एवं टोबैको कंट्रोल सेल के अशोक यादव भी शामिल थे।