ऑल इंडिया ओपन कराटे चैंपियनशिप को लेकर खिलाड़ियों की तैयारी शुरू
प्रशिक्षण शिविर में उन्नत फाइटिंग तकनीक व अंतरराष्ट्रीय नियमों की दी गई जानकारी

रांची: आगामी 1 मई से खेल गांव, रांची में आयोजित होने वाली तीसरी सिकोकई ऑल इंडिया ओपन कराटे चैंपियनशिप को लेकर राज्य के कराटे खिलाड़ियों की तैयारी तेज कर दी गई है। प्रतियोगिता में उत्कृष्ट प्रदर्शन सुनिश्चित करने के उद्देश्य से खिलाड़ियों को विशेष प्रशिक्षण शिविरों के माध्यम से तैयार किया जा रहा है।
इसी कड़ी में इंटरनेशनल मार्शल आर्ट अकादमी के तत्वावधान में रांची प्रेस क्लब में एक दिवसीय कराटे प्रशिक्षण शिविर का आयोजन किया गया। शिविर में राज्य के विभिन्न जिलों से आए खिलाड़ियों ने भाग लिया और पूरे उत्साह के साथ प्रशिक्षण प्राप्त किया। प्रशिक्षण शिविर का मुख्य उद्देश्य खिलाड़ियों की तकनीकी दक्षता बढ़ाना और उन्हें प्रतियोगिता के स्तर के अनुरूप तैयार करना था।
शिविर के दौरान खिलाड़ियों को उन्नत फाइटिंग तकनीकों, आक्रमण और बचाव के आधुनिक तरीकों, संतुलन, गति और रणनीति पर विशेष रूप से प्रशिक्षण दिया गया। इसके अलावा मुकाबले के दौरान मानसिक संतुलन बनाए रखने और दबाव की स्थिति में बेहतर प्रदर्शन करने के गुर भी सिखाए गए।
इंटरनेशनल मार्शल आर्ट अकादमी के तकनीकी निदेशक रेंशी सुनील किस्पोट्टा ने खिलाड़ियों को प्रशिक्षण देते हुए कहा कि कराटे केवल शारीरिक ताकत का खेल नहीं, बल्कि यह अनुशासन, धैर्य और मानसिक एकाग्रता का भी प्रतीक है। उन्होंने खिलाड़ियों को वर्ल्ड कराटे फेडरेशन के नियमों की विस्तृत जानकारी दी और बताया कि प्रतियोगिता के दौरान नियमों का पालन करना जीत के लिए उतना ही जरूरी है जितना कि तकनीकी कौशल।
उन्होंने आगे बताया कि इस प्रतियोगिता में देशभर से सैकड़ों खिलाड़ी भाग लेने वाले हैं, जिनमें कई अंतरराष्ट्रीय स्तर के खिलाड़ी भी शामिल होंगे। ऐसे में राज्य के खिलाड़ियों के सामने कड़ी प्रतिस्पर्धा होगी। इसे देखते हुए खिलाड़ियों को उच्च स्तर का प्रशिक्षण दिया जा रहा है, ताकि वे हर चुनौती का सामना कर सकें।
शिविर में भाग लेने वाले खिलाड़ियों ने भी अपने अनुभव साझा किए और कहा कि इस तरह के प्रशिक्षण शिविर उनके आत्मविश्वास को बढ़ाते हैं तथा नई तकनीकों को सीखने का अवसर प्रदान करते हैं। उन्होंने आयोजन के लिए अकादमी का आभार जताया।
शिविर को सफल बनाने में इंटरनेशनल मार्शल आर्ट अकादमी के अध्यक्ष अनिल कुमार की महत्वपूर्ण भूमिका रही। उन्होंने कहा कि भविष्य में भी इस प्रकार के प्रशिक्षण शिविर आयोजित किए जाएंगे, ताकि राज्य के खिलाड़ियों को राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर बेहतर प्रदर्शन का अवसर मिल सके।
कार्यक्रम के दौरान प्रशिक्षकों ने खिलाड़ियों को नियमित अभ्यास, अनुशासन और फिटनेस पर विशेष ध्यान देने की सलाह दी। शिविर का समापन खिलाड़ियों के उत्साहवर्धन और आगामी प्रतियोगिता में बेहतर प्रदर्शन की शुभकामनाओं के साथ किया गया।