विष्णुगढ़ नरबलि कांड पर सियासत तेज, कांग्रेस ने भाजपा के रवैये पर उठाए सवाल
लाल किशोर नाथ शाहदेव का आरोप—अपराधियों को मिलता रहा संरक्षण, स्पीडी ट्रायल और कड़ी सजा की मांग

रांची: हजारीबाग के विष्णुगढ़ में 13 वर्षीय बच्ची की नरबलि की घटना को लेकर सियासी बयानबाजी तेज हो गई है। झारखंड प्रदेश कांग्रेस कमेटी के मुख्य प्रवक्ता लाल किशोर नाथ शाहदेव ने इस घटना पर गहरा दुख व्यक्त करते हुए इसे मानवता को शर्मसार करने वाला कृत्य बताया है। उन्होंने भाजपा नेताओं के रवैये को भी दुखद करार देते हुए कई गंभीर सवाल उठाए।
लाल किशोर नाथ शाहदेव ने कहा कि झारखंड की जनता देख रही है कि भाजपा किस तरह अपराधियों के साथ खड़ी नजर आती है। कांग्रेस पार्टी पीड़ित परिवार के प्रति संवेदना व्यक्त करती है और न्याय दिलाने के लिए प्रतिबद्ध है। उन्होंने आरोप लगाया कि इस मामले का कथित किंगपिन भाजपा से जुड़ा हुआ है और वही प्रदेश भाजपा अध्यक्ष के साथ बैठकर बंद की रणनीति बना रहा था। ऐसे में भाजपा को स्पष्ट करना चाहिए कि वह झारखंड बंद को वापस लेगी या नहीं।
उन्होंने भाजपा नेताओं के बयानों पर पलटवार करते हुए कहा कि संवेदनशील मुद्दों पर सफाई देने के बजाय भाजपा को अपने गिरेबान में झांकना चाहिए। उन्होंने आरोप लगाया कि भाजपा हर बार अपने कार्यकर्ताओं या करीबियों के अपराध में संलिप्त पाए जाने पर उसे संयोग बताकर पल्ला झाड़ लेती है।
कांग्रेस प्रवक्ता ने कहा कि हजारीबाग की इस वीभत्स घटना में जिस आरोपी का नाम सामने आ रहा है, उसके साथ भाजपा के बड़े नेताओं की तस्वीरें उसकी सक्रियता का प्रमाण हैं। यह महज संयोग नहीं, बल्कि अपराधियों के इस्तेमाल का उदाहरण है, जिसे भाजपा संरक्षण देती रही है।
उन्होंने इस घटना को अत्यंत अकल्पनीय और दुखद बताते हुए कहा कि एक मां द्वारा अपनी ही बेटी की बलि देना समाज में व्याप्त गहरे अंधविश्वास को दर्शाता है। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार और पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए मुख्य आरोपियों, जिसमें मां और एक तांत्रिक शामिल हैं, को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है। सरकार यह सुनिश्चित करेगी कि मामले का स्पीडी ट्रायल हो और दोषियों को कड़ी से कड़ी सजा, यहां तक कि फांसी की सजा मिले।
लाल किशोर नाथ शाहदेव ने यह भी कहा कि भाजपा नेता अब इस मुद्दे पर राजनीति नहीं करने की बात कर रहे हैं, जबकि पहले वे खुद इस घटना की आड़ में राजनीतिक लाभ लेने की कोशिश कर रहे थे। उन्होंने आरोप लगाया कि जब भी किसी अपराध में भाजपा से जुड़े लोगों का नाम सामने आता है, तो पार्टी उन्हें सक्रिय कार्यकर्ता नहीं बताकर पल्ला झाड़ने लगती है।